शबाना जी की धर्मनिरपेक्षता
प्रख्यात अभिनेत्री, समाज सेविका व सेक्युलर इंसान सुश्री शबाना आजमी तथा सैफ अली खान मीडिया द्वारा बनाये गए छोटे नवाब ने पिछले दिनों एक सेक्युलर बयान दिया कि भारत में मुस्लिमों के साथ सरकारें भेदभाव करती हैं. शबाना जी ने कहा कि इसी वजह से वे आज तक मुंबई में एक फ्लैट तक नहीं खरीद पायीं. शबाना जी यह देश और इस देश की सरकारें वाकई बहुत भेदभाव करती हैं, इतना कि पाकिस्तान, बांगला देश में हिन्दू कम होते चले गए लेकिन इसी भेदभाव के कारण भारत में मुस्लिमों की संख्या बढती चली गई. शाहबानो को गुजारा भत्ता न देने के लिए संविधान को बदल दिया गया. कश्मीर को विशेष पैकेज दिया गया, जहाँ पाकिस्तानी झंडों को लहराते हुए देखा जा सकता है. आप मुंबई में फ्लैट न खरीद पाने पर भेदभाव का नाम दे रही हैं, कश्मीर में भी आपको एक इंच जगह नहीं मिलेगी, उसके विषय में क्या कहना चाहेंगी आप. तसलीमा नसरीन को जिन लोगों ने खुले- आम मारने की धमकी दी, उस पर आपकी क्या प्रतिक्रिया है. एम० एफ० हुसैन देवी सरस्वती, भारत माता के जैसे चित्र बनाते हैं, उनके लिए क्या कहना चाहेंगी. जम्मू-कश्मीर में दो विश्वविद्यालय खोले गए जिसमे एक का नाम ही इस्लामिक .... से है, जिनके संविधान में यह प्रावधान है कि इनका मुख्य कर्ता-धर्ता राज्य का मुख्यमंत्री होगा, लेकिन यदि मुख्यमंत्री कोई हिन्दू बन जाता है तो इनका मुख्य कर्ता-धर्ता किसी मुस्लिम को बनाया जायेगा. बांगला देशी घुसपैठियों के बारे में आपके क्या विचार हैं? समान नागरिक संहिता के बारे में आप क्या सोचती हैं? पैगम्बर मोहम्मद के कार्टून बनाने डेनिश कार्टूनिस्ट के बारे में आप क्या सोचती हैं? यहाँ सच्चर आयोग बनाया जाता है जो मुस्लिमों के लिए विशेष रूप से अध्ययन करता है और सिफारिशें देता है. यह वाकई भेदभाव है कि मुस्लिमों के लिए आन्ध्र प्रदेश में आरक्षण दिया जा रहा है. हज हाउस बनाये जा रहे हैं, हज करने के लिए सहायता दी जा रही है. कश्मीर में करोड़ों रुपयों की सहायता दी जा रही है. आपके लिए आपका पर्सनल क़ानून लागू माना जाता है. अभी कई और भी तथ्य हैं जिसे आने वाले समय में उजागर किया जायेगा. वाह शबाना जी, क्या आप की धर्म-निरपेक्षता है. वैसे मेरी एक प्रार्थना है कि आप धर्म-निरपेक्षता को लागू करने के लिए तथा भेदभाव ख़त्म करने के लिए अरब देशों से शुरुआत करें, बड़ा ही अच्छा होगा यदि आप जैसे सेक्युलर लोग इन देशों को भी धर्मनिरपेक्ष बना पायें तो.
कहते हे बुढापे मे दिमाग सटिया जाता हे :)
ReplyDeletesahi likha hai. Hinduon ko bumo se udaya ja raha ho to inke kan par joon tak nahi rengati. flat na kareed paeen hon ghar to hai.
ReplyDeleteRaj ji sahi kah rhe hai. achha lekh.
ReplyDeleteaap apna word verification hata le taki humko tipani dene me aasani ho.
नया ब्लाग बनाया.. स्वागत है आपका
ReplyDeleteकितनी अजीब बात है, जिन शबाना और उन के पति को भारत के लोगों ने सर पर विठाया, कभी यह नहीं सोचा की वह मुसलमान हैं, उन्होंने ही आज हमें यह बता दिया कि वह भारतीय कम और मुसलमान ज्यादा हैं. शायद मुंबई के लोग इन के बारे में पहले से ही जानते थे और इसलिए इन्हें मकान देने की हम्मत नहीं करते थे. एक जनाब अजहरुद्दीन हुआ करते थे, उन्होंने भी भारत के लोगों के प्यार का यही बदला दिया था. मुझे लगता है मुसलमान कभी भी उस मुल्क का नहीं हो सकता जहाँ इस्लाम की हुकूमत नहीं है.
ReplyDeleteये सब धर्म निरपेछता की बाते है, और अपने देश मै धर्म निरपेछता का मतलब सब जानते ही है
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